Download App Now Register Now

राजस्थान सरकार ने 17 जिलों और 3 नए संभागों की समीक्षा के लिए कैबिनेट उप-समिति बनाई

जयपुर। एएनआई की रिपोर्ट के अनुसार, राजस्थान सरकार ने अशोक गहलोत के नेतृत्व वाली पूर्व कांग्रेस सरकार के कार्यकाल में बने 17 जिलों और तीन नए संभागों की मौजूदा स्थिति की समीक्षा करने के लिए एक कैबिनेट उप-समिति का गठन किया है। राज्य सरकार के राजस्व एवं उपनिवेशन विभाग ने बुधवार देर रात आदेश जारी किया।

मुख्यमंत्री भजन लाल शर्मा द्वारा गठित इस पांच सदस्यीय उप-समिति में उपमुख्यमंत्री प्रेम चंद बैरवा (संयोजक), मंत्री राज्यवर्धन सिंह राठौर, कन्हैयालाल मीना, सुरेश रावत और हेमंत मीना शामिल हैं। उप-समिति का मुख्य उद्देश्य इन जिलों और संभागों की प्रशासनिक, वित्तीय और कार्यात्मक स्थिति का आकलन करना और आवश्यक सुधारों के लिए मार्गदर्शन तैयार करना है।

इससे पहले अगस्त 2023 में तत्कालीन मुख्यमंत्री अशोक गहलोत की कांग्रेस कैबिनेट ने राज्य में 19 नए जिले और तीन नए संभाग बनाने के लिए उच्च स्तरीय समिति के प्रस्ताव को मंजूरी दी थी। अक्टूबर में कांग्रेस सरकार ने मालपुरा, सुजानगढ़ और कुचामन सिटी जिलों के गठन की घोषणा की थी। इन नए जिलों के गठन के बाद राजस्थान में कुल जिलों की संख्या 53 हो गई।

उप-समिति के गठन से यह सुनिश्चित किया जाएगा कि नए जिलों और संभागों का प्रशासनिक ढांचा सुचारू रूप से कार्य करे और राज्य में बेहतर प्रशासन और विकास के लिए दिशा-निर्देश तैयार किए जाएँ। इसके माध्यम से प्रदेश के नागरिकों को सरकारी योजनाओं का अधिक प्रभावी लाभ और बेहतर सेवा सुनिश्चित करने का प्रयास किया जाएगा।

Written By

Chanchal Rathore

Desk Reporter

Related News

All Rights Reserved & Copyright © 2015 By HP NEWS. Powered by Ui Systems Pvt. Ltd.

BREAKING NEWS
सूर्या के कत्ल की असली वजह आई सामने, बाइक बनी जानलेवा विवाद का कारण। | राजस्थान में 33 जिलों में 77 सड़क परियोजनाओं को मिली मंजूरी, बजट 2026-27 में कुल 676.74 करोड़ खर्च | राजस्थान में 33 जिलों में 77 सड़क परियोजनाओं को मिली मंजूरी, बजट 2026-27 में कुल 676.74 करोड़ खर्च | | | | राजस्थान वरिष्ठ नागरिक तीर्थ यात्रा योजना 2026: ऑनलाइन आवेदन शुरू | | JDA के नोटिस के बावजूद चल रहा “Boss Cafe” का रूफटॉप रेस्टोरेंट, स्टे की आड़ में नियमों को चुनौती? | जेडीए की नाक के नीचे सरकारी जमीन पर फिर कब्जा, बुलडोजर चला… लेकिन अवैध कॉलोनी फिर खड़ी हो गई! | राजस्थान हाईकोर्ट का ऐतिहासिक फैसला: 'आटा-साटा' प्रथा को बताया कानूनी व नैतिक रूप से दिवालिया, कहा- 'बेटी किसी सौदे की कीमत नहीं' | जेडीए की नाक के नीचे सरकारी जमीन पर फिर कब्जा, बुलडोजर चला… लेकिन अवैध कॉलोनी फिर खड़ी हो गई! |